रीर में अगर यूरिक एसिड का लेवल बढ़ जाए तो जोड़ों में दर्द या दूसरी स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं होने लगती हैं. लेकिन कभी सोचा है कि अगर इसका स्तर घट जाए तो हमें कौन-कौन से बदलाव और दिक्क्तों का सामना करना पड़ सकता है.

इसके बढ़ जाने पर हम टेस्ट, दवा या घरेलू नुस्खे आजमाते हैं लेकिन घट जाना कितना खतरनाक है ये बहुत कम जानते हैं. इस आर्टिकल में हम आपको बताने जा रहे हैं कि यूरिक एसिड के लेवल के घटने पर क्या होता है और इसका सही स्तर क्या है?

यूरिक एसिड एक कार्बनिक यौगिक है जिसका शरीर से बाहर निकलना बहुत जरूरी है. हाइड्रोजन, ऑक्सीजन और नाईट्रोजन से मिलकर बनने वाले यूरिक एसिड को किडनी छानती है और ये यूरीन के जरिए हमारे शरीर से बाहर निकलता है.

क्या है यूरिक एसिड का सही लेवल

पुरुषों में 7 मिलीग्राम पर डेसीलीटर से और महिलाओं में 6 एमजी/डीएल से लेवल ऊपर हो तो इसे हाई यूरिक एसिड की कंडीशन बोलते हैं. जबकि ये लेवल 2 एमजी/डीएल से कम हो तो लो यूरिक एसिड कहलाता है.

लो यूरिक एसिड से होने वाले नुकसान

रिपोर्ट्स के मुताबिक लो यूरिक एसिड के मामले बहुत कम सामने आते हैं, लेकिन इससे सीरीयस दिमागी समस्या जैसे भूलने की बीमारी, पार्किंसंस और एएलएस, किडनी की कार्यक्षमता का प्रभावित होना, नसों में दर्द जैसी दिक्कतें होने लगती हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *