सपा नेता स्वामी प्रसाद मौर्य से यूपी STF यानी स्पेशल टास्क फोर्स ने पूछताछ की है। स्वामी प्रसाद मौर्य से यह पूछताछ ठगी के सिलसिले में हुई है। पूछताछ के बाद स्वामी प्रसाद ने कहा है कि सचिवालय में इस तरह के ट्रांसफर पोस्टिंग में अधिकारी शामिल रहते हैं। मेरा लेना-देना नहीं है।

अरमान को एसटीएफ ने बीते अप्रैल महीने की 21 तारीख को लखनऊ से गिरफ्तार किया था। अरमान पर आरोप है कि वह स्वामी प्रसाद मौर्य के मंत्री रहते हुए उनके कार्यालय में बैठकर नौकरी के नाम पर ठगी का गिरोह चला रहा था।

इसी सिलसिल में यूपी एसटीएफ ने स्वामी प्रसाद को तलब किया था। स्वामी प्रसाद से अरमान के बारे में लंबी पूछताछ की गई। स्वामी प्रसाद मौर्य के निजी सचिव बताए जा रहे अरमान पर आरोप है कि वह कथित तौर पर युवाओं को नौकरी देने के नाम पर धन उगाही करता था।

STF ने इनके कब्जे से बड़ी संख्या में स्टूडेंट्स की मार्कशीट, आधार कार्ड और कुछ फर्जी सरकारी दस्तावेज भी जब्त किए थे। यह फर्जीवाड़ा सामने आया था, तब स्वामी प्रसाद मौर्य मंत्री थे और कहा गया कि अरमान निजी सचिव है।STF ने इस मामले में FIR दर्ज करने के बाद अरमान के साथ तीन और आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *